विपक्ष ने यूक्रेन संकट एवं भारतीय छात्रों की पढ़ाई के मुद्दों के समाधान तलाशने की सरकार से मांग की

नयीदिल्ली,पांचअप्रैल(भाषा)विपक्षीदलोंनेयूक्रेनसंकटकेभू-राजनीतिकएवंआर्थिकप्रभावकोलेकरकेंद्रकोसचेतकरतेहुएमंगलवारकोलोकसभामेंकहाकिसरकारकोइसयुद्धकोखत्मकरानेऔरशांतिकीबहालीमेंअपनीभूमिकानिभानीचाहिए।विपक्षीसदस्योंनेयुद्धकेकारणयूक्रेनसेबीचमेंहीपढ़ाईछोड़करआनेवालेभारतीयछात्रोंकेभविष्यकीचिंताकरतेहुएउनकेपाठ्यक्रमकोपूराकरनेकीवैकल्पिकव्यवस्थाकरानेकीभीमांगकी।वहीं,केंद्रमेंसत्तारूढ़भारतीयजनतापार्टीनेयूक्रेनसंकटपरभारतके‘सततरुख’और‘ऑपरेशनगंगा’कीसफलताकोलेकरप्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीएवंकेंद्रसरकारकीसराहनाकरतेहुएकहाकिदेशकानेतृत्वमजबूतहाथोंमेंहैऔरसरकारइससंकटकेकारणउत्पन्नमुद्दोंकेसमाधानपरध्यानदेरहीहै।निचलेसदनमेंनियम193केतहतयूक्रेनकीस्थितिपरचर्चामेंभागलेतेहुएकांग्रेससांसदमनीषतिवारीनेसरकारसेयहआग्रहभीकियाकिउसेमौजूदासमयमेंगुटनिरपेक्षतासेजुड़ेनेहरूवादीसिद्धांतकाअनुसरणकरनाचाहिएजोसमयकीकसौटीपरखराउतराहै।उन्होंनेरूसकेसाथभारतकेसंबंधोंएवं1971केभारत-पाकयुद्धकेसमयकाउल्लेखकरतेहुएकहाकहाकिरूसभारतकाविश्वसनीयमित्ररहाहैऔरबहुतमुश्किलसमयमेंउसनेहमारीमददकी।उन्होंनेकहा,‘‘यूक्रेनकीस्थितिकेलिएक्यारूसअकेलेजिम्मेदारहै?मुझेलगताहैकिअमेरिकाऔरउसकेसाथीइसकेलिएसमानरूपसेजिम्मेदारहैं।’’तिवारीनेकहाकिआजपाकिस्तानमेंराजनीतिकअस्थिरताहै,श्रीलंकामेंआर्थिकबदहालीहै।अबतकसरकारबहुतसतर्करहीहै,इसकेलिएइसकीसराहनाहोनीचाहिए।उन्होंनेइसबातपरजोरदियाकिगुटनिरपेक्षताकेनेहरूवादीसिद्धांतकीतरफजानेकासमयहै।कांग्रेससांसदनेकहाकिकिसीदेशमेंफंसेभारतीयनागरिकोंकोबाहरनिकालनेकासफलअभियानपहलेभीचलायागया,लेकिनइसतरहसेकभीपीठनहींथपथपाईगई।चर्चामेंहिस्सालेतेहुएआरएसपीकेएनकेप्रेमचंद्रननेकहाकिरूसकीसैन्यकार्रवाईके40दिनोंबादस्थितिबहुतबदलगईहै।उन्होंनेकहाकिहमजाननाचाहतेहैंकिमौजूदासमयमेंइससंकटकाभू-राजनीतिकअसरक्याहोगाऔरभारतसरकारकारुखअबक्याहै?उन्होंनेकहाकियूक्रेनसेलौटेछात्रोंकेमुद्दोंकोतत्कालहलकरनाचाहिए।सरकारकोसंबंधितविभागोंसेबातचीतकरकेकदमउठानेचाहिए।प्रेमचंद्रननेकहाकि‘ऑपरेशनगंगा’परआलोचनात्मकढंगसेगौरकरनाचाहिएताकिआगेकेलिएसबकलियाजासके।उन्होंनेकहाकिभारतकोबहुतसावधानीकेसाथकूटनीतिककदमउठानेकीजरूरतहै।उन्होंनेकहा,‘‘इससंकटकासमाधानकरनेमेंभारतकोअपनीभूमिकानिभानीचाहिए।’’चर्चामेंभागलेतेहुएभाजपासांसदबृजेंद्रसिंहनेकहाकियूक्रेनसंकटपरभारतकारूख‘सतत’रहाहैऔरवहांफंसेभारतीयछात्रोंकोनिकालनेकाअभियानकाफीसफलरहा।उन्होंनेकहाकिइसकेलियेप्रधानमंत्रीनरेंद्रमोदीएवंकेंद्रसरकारकीसराहनाकीजानीचाहिए।उन्होंनेकहाकियूक्रेनसंकटमेंसरकारनेसमयरहतेपरामर्शजारीकिएऔरएकअप्रत्याशितहालातसे22हजारसेअधिकछात्रोंकोवहांसेबाहरनिकाला।उन्होंनेकहा,‘‘प्रधानमंत्रीऔरविदेशमंत्रालयकेप्रयाससराहनीयहैं।प्रधानमंत्रीनेयूक्रेनऔररूसदोनोंदेशोंकेराष्ट्रपतियोंसेबातकी...बादमेंआमलोगोंकेबाहरनिकलनेकाएकगलियाराबना।’’सिंहनेकहा,‘‘यहसमझनाहोगाकिस्थितिसामान्यनहींथी।युद्धग्रस्तदेशसेलोगोंकोनिकालनाइतनाआसानकामनहींथा।’’उन्होंनेकहाकिइनछात्रोंकाभविष्यअंधकारमयहैऔरउनकेमुद्दोंकासमाधानहोनाचाहिए।उन्होंनेकहाकि‘ऑपरेशनगंगा’सेजुड़ेसभीलोगोंकाआभारप्रकटकरनाचाहिए।जारी