सरकार ने सरकारी स्कूलों की मांगी रिपोर्ट, बनाए जा सकते हैं अस्थायी अस्पताल

देशमेंलगातारबढ़रहेकोरानावायरसकीविकटपरिस्थितियोंसेनिपटनेकेलिएसरकारहरसंभवप्रयासकररहीहै।अबसरकारनेइससेनिपटनेकेलिएतैयारियोंकोलेकरशिक्षाविभागसेभीकुछस्कूलोंकीरिपोर्टमांगीहै।सरकारनेशिक्षाविभागसेसबसेअधिकऔरअच्छीसुविधाएंवालेसरकारीस्कूलोंकीलिस्टमांगीहै।जिन्हेंकोरोनावायरसकेआएसंकटकेदौरानविकटपरिस्थितिमेंअस्थायीअस्पतालबनायाजासकताहै।इसकेसाथहीउनस्कूलोंकीभीरिपोर्टमांगीहै,जोशहर,कस्बोंऔरगांवोंकेमुख्यमार्गाेंपरस्थितहैं।सरकारकीओरसेशिक्षाविभागकोदिएगएनिर्देशोंमेंयहभीसाफकियागयाहै,इनस्कूलोंमेंपानीसेलेकरबिजलीकीपूरीव्यवस्थाहो।जिससेअस्पतालबनानेकीस्थितिमेंसरकारकोथोड़ासाभीविलंबनकरनापड़े।

सरकारकीप्राथमिकतामुख्यमार्गाेंपरस्थितस्कूलोंकी:

कोरोनावायरसकीबीमारीस्थितिसेनिपटनेकोलेकरअस्थायीअस्पतालबनानेवालेस्कूलोंकीलिस्टमेंसरकारकीसबसेपहलीप्राथमिकताशहर,कस्बाऔरगांवोंकेमुख्यमार्गाेंपरस्थितस्कूलोंकीहै।ताकिविकटपरिस्थितिमेंयातायातव्यवस्थाकोलेकरभीकोईपरेशानीनहोसकें।

जिलामौलिकशिक्षाअधिकारीनेबतायाकिकोरोनावायरसकोलेकरसरकारनेतैयारियोंकेतहतकुछसरकारीस्कूलोंकीलिस्टभीमांगीहै,जोसभीसुविधाओंसेलैसहै।जिसमेंबिजली,पानीसेलेकरस्मार्टक्लासरूमतकशामिलहै।अबसरकारइसेअस्थायीअस्पतालभीबनासकतीहै।यहफैसलाजिलाप्रशासनकीओरसेलियाजानाहैं।