सभी के लिए प्रेम रखने से बनेगा समाज समृद्ध

संवादसहयोगी,कोसली:धारौलीरोडस्थितराधास्वामीआश्रममेंराधास्वामीदिनोदकीओरसेसत्संगकाआयोजनकियागया।इसमेंसंतहुजूरकंवरसाहेबमहाराजनेप्रवचनमेंकहाकिहमेंअपनेदिलोंमेंसभीकेलिएप्रेमरखनाचाहिएऔरबुजुर्गोंकासदासम्मानकरनाचाहिए।उन्होंनेकहाकिकिसीकेमरजानेपरहमशमशानघाटसेघरआकरनहातेहैं,लेकिनदूसरीओरहममांसाहारकेरूपमेंमृतजीवोंकोखारहेहैं।उन्होंनेकहाकीभक्तिकासहीसमयब्रह्ममुहूर्तकाहै।इससमयकाउपयोगप्रभुभक्तिमेंलगानाचाहिए।उन्होंनेलोगोंसेसकारात्मकसोचकेसाथसच्चेगुरुकेसान्निध्यमेंरहतेहुएआगेबढ़नेकाआह्वानकिया।गुरुमहाराजनेपरोपकारकेतीनप्रकारबतातेहुएतनसे,धनसेऔरमनसेनामकासुमिरनकरनेकासंदेशदिया।उन्होंनेकहाकिआजइंसानप्रकृतिकाहीदुश्मनबनगयाहै।शब्द,स्पर्श,रूप,रसऔरगंधकेफेरमेंआकरहमप्रकृतिकेनियमोंकीअवहेलनाकररहेहैं।इसदुर्लभतनकोहमनशाऔरव्यसनमेंउलझकरबर्बादकररहेहैं।मानवमायाकेफेरमेंआकरअपनेहीवचनोंसेफिररहाहै।प्रभुभक्तिकीजगहकालकीभक्तिकररहाहै।उन्होंनेकहाकिइसजगमेंकेवलसंतसतगुरुहीदेवनहारहै।