परंपरागत खेती को बढ़ावा देकर आर्थिकी करें सु²ढ़ : डॉ. कविता

सहयोगी,पद्धर:हिमाचलकिसानयूनियनद्रंगऔरकृषिविज्ञानकेंद्रसुंदरनगरकेमाध्यमसेसमखेतरगांवमेंएकदिवसीयकिसानजागरूकताकार्यशालाहुई।इसमेंमुख्यकृषिवैज्ञानिकडाक्टरकविताशर्मामौजूदरही।उन्होंनेकहाकिकिसानपंरपरागतखेतीकेसाथसाथबागवानीकेक्षेत्रमेंरूचिलेकरअपनीआर्थिकीबढ़ासकतेहैं।महिलाकिसानघरमेंअचार,मुरबाबनाकरअच्छीआमदनकमासकतेहैं।उन्होंनेमहिलाकिसानोंकोविभिन्नकिस्मोंकेअचारऔरमुरबाबनानेकीविधिभीबताई।किसानयुनियनद्रंगकेअध्यक्षलाभ¨सहठाकुरनेकृषिऔरबागवानीक्षेत्रमेंसरकारकीकल्याणकारीयोजनाओंकीजानकारीदी।उन्होंनेयूनियनकेआह्वानपरसमखेतरगांवमेंशिविरकाआयोजनकरनेपरविभागकाआभारप्रकटकिया।