केरवा जे फरेला घवद से, ओइपर सुगा मेंडराय..

जागरणसंवाददाता,आसनसोल:उजेकेरवाजेफरेलाघवदसे,ओइपरसुगामेंडराय,मारबोरेसुगवाधनुषसे,सुगागिरेमुरुछाय..जैसेछठकेगीतोंसेआसनसोल-दुर्गापुरशिल्पांचलछठमयहोगयाहै।चहुंओरछठकेगीतसुननेकोमिलरहेहैं।चौक-चौराहोंसेलेकरघरोंतकमेंसिर्फछठमईयाकेगीतहीगूंजरहेहै।नदीसेलेकरतालाबतकघाटोंकोसजानेमेंकोईकसरनहींछोड़ीगईहै।सबसेअधिकध्यानघाटोंकीसुरक्षापररखागयाहै।कोरोनासंकटकेकारणइसवर्षविशेषसतर्कताबरतीजारहीहै।बुधवारकीशामछठघाटपरसूर्यदेवताकोपहलाअ‌र्घ्यदियाजाएगा।छठघाटोंसेलेकरसड़कोंतककोरंगीनबल्बोंसेसजायागयाहै।चारोंओरसाफ-सफाईकादौरचलरहाहै।छठपर्वकोलेकरव्रतीकेघरठेकुआआदिप्रसादकीसामग्रीबनानेकाकार्यहोरहाहैतोदूसरीओरमहिलाएंसामूहिकरूपसेएकजगहजमाहोकरछठमैयाकेगीतगारहीहैं।विशेषकरहिदीभाषीबहुलइलाकोंकीछंटाकाक्याकहना।सड़केंचमचमारहीहै,तोहरघरकेआगेपूरीतरहसेसाफ-सफाईवरंगाई-पोताईकरसुंदरबनादियागयाहै।कहींलोगघरोंकोपानीसेधोकरसाफकरतेनजरआरहेहैतोघरकेयुवावबच्चेछठघाटोंकोऔरभीसुंदरबनानेमेंजुटेहै।नकेवलहिदीभाषीबल्किदूसरेभाषा-भाषीलोगभीछठपर्वकोलेकरविशेषरूपसेस्वच्छताबरतरहेहै।घाटोंकोचमकानेमेंनगरनिगमवपंचायतप्रशासनकेसाथ-साथविभिन्नसामाजिकसंस्थाएंवक्लबों,व्रतियोंकेपरिजन,श्रद्धालुभीदिन-रातएककिएहुएहै।आसनसोलमेंछठघाटोंकोआकर्षकढंगसेसजायागयाहै।नगरनिगमप्रशासनकीओरसेसाफ-सफाईकियेजानेकेसाथहीस्वयंसेवीसंस्थाओंनेभीघाटोंकोचमकानेमेंअपनीओरसेकोईकसरनहींछोड़ीहै।शहरकेपद्दोतालाब,बुधातालाब,तालपोखरिया,लोकोटैंक,शताब्दीपार्क,मासीपुकुर,उषाग्रामग्वालापाड़ा,रेलपारमेंभुरभुरियानदीपरतपसीबाबावकल्लाआदिजगहोंमेंघाटोंकोलगभगतैयारकरलियागयाहै।