द ब्रिटिश स्कूल की अपील खारिज

वैभवशर्मा,चंडीगढ़

सेक्टर-44स्थितदब्रिटिशस्कूलकीअपीलकोकंज्यूमरकमीशननेखारिजकरदियाहै।स्कूलप्रबंधककेखिलाफसाल2018मेंदोशिकायतमिलीथी।शिकायतकर्ताओंनेबतायाथाकिस्कूलप्रबंधककीओरसेदाखिलेकेसमयउनसेझूठबोलाथा।आयोगकीओरसेसुनवाईकरतेहुएस्कूलप्रबंधकपर15-15हजाररुपयेहर्जानालगायाथा।आयोगकेइसफैसलेकेलिएस्कूलप्रबंधकनेचंडीगढ़स्टेटकमीशनमेंअपीलदायरकीथी,लेकिनइसअपीलकोकमीशननेयहकहतेहुएखारिजकियाकिबच्चोंकेभविष्यकेसाथखिलवाड़करनेवालोंकोमाफीनहींमिलसकती।सुनवाईकेसाथहीस्टेटकमीशननेचंडीगढ़उपभोक्ताजिलाआयोग-2केफैसलेकोबरकराररखनेकाआदेशदिया।

पहलामामला:दब्रिटिशस्कूलकेखिलाफपहलीशिकायतसेक्टर-44निवासीकमलेशकुमारनेदीथी।शिकायतमेंउन्होंनेबतायाकिउनकेदोबच्चेउक्तस्कूलमेंपढ़तेथे।उनकाबेटासातवींऔरबेटीनौवींक्लासमेंथी।दोनोंबच्चोंकेरजिस्ट्रेशनफीसकेरूपमें12दिसंबर2017में1000रुपयेदिएथे।अप्रैलऔरमई2018मेंदोमहीनेकीफीसकेरुपयमेंनौहजाररुपयेजमाकरवाएथे।इनसबकेसाथउन्होंनेदोनोंबच्चोंकेदाखिलेकेलिए81हजाररुपयेकाचेकभीस्कूलप्रबंधककोदियाथा।दाखिलेकेदोदिनोंकेबादशिकायतकर्ताकोपताचलाकिदाखिलेकेसमयस्कूलप्रबंधककीओरसेकिएगएवादेकेअनुसारकोईभीसुविधानहींदीगई।उन्होंनेदोनोंबच्चोंकोस्कूलसेनिकालनेकानिर्णयकियाऔरस्कूलप्रबंधककोफीसवापसीकेलिएबोला।लेकिनस्कूलप्रबंधककीओरसेउन्हेंमनाकरदियागया।इसपरशिकायतकर्तानेआयोगमेंअपनीशिकायतदर्जकरवाईजिसपरसुनवाईकरतेहुएआयोगनेस्कूलपर18हजाररुपयेवापसदेनेकाआदेशजारीकियाथा।

दूसरामामला:स्कूलकेखिलाफदूसरीशिकायतसेक्टर-44एकेरहनेवालेराहुलपठानियानेकीथी।उन्होंनेबतायाकिउनकीओजस्वीपठानियाकादाखिलास्कूलमेंदसवींक्लासमेंकरवायाथा।दाखिलेकेसमयस्कूलकीओरसेउन्हेंकहाकिउनकीनौवींक्लासमेंकेवल10से15स्टूडेंट्सहैं,लेकिनजबउनकीबेटीनेस्कूलजानाशुरूकियातोपताचलाकिक्लासमें30से35स्टूडेंट्सकीस्ट्रेंथथी।यहींनहींस्कूलमेंसहीढंगसेएकभाषामेंकामनहींहोताथा।उन्होंनेबेटीकीनौवींक्लासकीफीसकेलिएअगस्त2018को77,300रुपयेदिएथे।उन्होंनेबेटीकानामसकूलसेहटवादिया,जिसकेबादस्कूलकोफीसवापसकरनेकेलिएकहा।स्कूलकीओरसेअड़ियलरवैयाअपनानेपरआयोगनेस्कूलकोपूरीफीसवापसकरनेकाआदेशदियाथा।